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मंगलवार, 1 फ़रवरी 2011

बजरंगी का अनुष्ठान अयोध्या की परंपरा बना



राम मंदिर आंदोलन से जुड़े और भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सांसद विनय कटियार बीत कई वर्षों से राम नगरी अयोध्या में कई धार्मिक अनुष्ठान किए जा रहे हैं। इसी क्रम में अपने सहयोगियों व साधु संतों के संग उन्होंने प्रयाग के संगम तअ पर माघ मास में चलने वाले कल्पवास की भांति कार्यक्रम आंरभ करा दिया है। श्री कटियार का यह तीसरा कल्पवास है इसकी शुरुआत आपने ही की। अयोध्या में पहले ऐसे अनुष्ठान नही होते थे। रेती पर अब टेंट और लकड ी के ट्‌टर और झोपड ी नुमा मकान बन धार्मिक लहर दौड पड ी है। इस वर्ष अनुष्ठान स्थल तक पहॅुचने के लिए पक्का मार्ग भी बनवाया गया है। कल्पवास की भांति विनय कटियार सालाना राम विवाह के अवसर पर बैण्ड बाजों के साथ नगर में लाव लश्कर के साथ राम बारात निकालते हैं तथा राम लीली में स्वयं दशरथ का पाठ कर पिता की रस्में अदा करते हैं। राम बारात के पावन अवसर पर राम भक्तों से पूरा अयोध्या राममय हो जाता है। सड कों पर बाराती ही बाराती नजर आते हैं। इस बार चैत्र शक संवत के प्रथम दिन को विक्रमादित्य महोत्सव का विशाल आयोजन कराया गया। कटियार द्वारा कराए जाने वाले ऐसे अनुष्ठानों से जहां दूर-दूर से श्रद्वालु अयोध्या पहॅुचते है वहीं नगर वासियों का अच्छी कमाई भी होती है। विनय कटियार ने शुरू की यह परंपरा अब अयोध्यावासियों के लिए वार्षिक परंपरा बन चुकी है।

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